माँ चाचा की चुदाई बेटे ने कराई 1
Maa chacha ki chudai me help ki story:- लो दोस्तों कैसे हो आप, आप सब को मेरा नमस्कार, ये मेरी पहली कहानी है। कुछ गलती हो गई हो तो माफ़ करना। ये एक परिवार की कहानी है जो काफ़ी मॉडर्न और ओपन माइंडेड है, ये परिवार गोवा में रहता है। इस घर में चार लोग रहते हैं।
कमल उम्र 42 साल (हाइट 5 फीट 7 इंच, हैंडसम बिज़नेसमैन, काम के सिलसिले में ज़्यादातर बाहर रहना, कमल की शादी जल्दी ही हो गई थी, बच्चा होने के बाद सेक्स महीने में एक-दो बार ही करते थे क्योंकि काम का बोझ रहता था, लेकिन अपनी पत्नी को संतुष्ट ज़रूर करते थे, सेक्स स्टैमिना बहुत था कमल का, जब भी वक़्त मिलता था अपनी पत्नी की तसल्ली से चुदाई ज़रूर करता है।)
सरिता उम्र 37 साल (कमल की पत्नी, एक जवान औरत, सेक्स से भरी हुई, ओपन माइंडेड मॉडर्न वुमन है, लंबे बाल, दूध जैसा रंग, फ़िगर बॉडी शेप 39-25-35। ब्लैक हेयर ब्रा साइज़ 34डीडी है, एक हाउसवाइफ़ है, हाइट 5 फीट 5 इंच है, जब भी सरिता बाज़ार या कहीं घूमने जाती लोग उसके हुस्न के पागल हो जाते हैं और अपने लंड को पैंट के ऊपर से ही मसलने लगते हैं। जिसे देखकर सरिता को अपने हुस्न पर गर्व होता। लेकिन सरिता ने कभी किसी को लाइन नहीं दी। सरिता कभी-कभी सिगरेट और बीयर भी पीती है।)
राज उम्र 34 (कमल का सगा भाई, अपने भाई की तरह हैंडसम, इनकी अभी शादी नहीं हुई थी क्योंकि इसकी कुंडली में मांगलिक दोष था इस कारण इन्हें अभी मांगलिक लड़की नहीं मिली थी जिससे इसकी शादी हो सके। लेकिन इसे कोई फ़र्क़ नहीं पड़ता क्योंकि इसने कई लड़कियों और औरतों की चुदाई कर रखी है। ये एक कॉलेज में टीचर है।)
रिशु उम्र 19 साल (कमल और सरिता का बेटा, हैंडसम, हाइट 5 फीट 6 इंच, 1st ईयर में स्टडी करता है, जैसे अपनी माँ की तरह ओपन माइंडेड और मॉडर्न है और अपने चाचा की तरह चुदाकर है। इसने भी कई लड़कियों और भाभियों की चुदाई की है, रिशु की अपने चाचा से बहुत बनती है सभी बातें शेयर कर लेता है जहाँ तक कि सिगरेट और ड्रिंक भी शेयर करते हैं, जहाँ तक चुदाई की बातें भी।)
Maa chacha ki chudai me help ki hindi sex story
सुबह के टाइम 8:30 बजे घर के सभी लोग खाना खाने के लिए टेबल पे इकट्ठे हो गए। सरिता खाना परोस रही थी। सरिता ने ब्लू कलर की साड़ी पहनी हुई थी बहुत सुंदर लग रही थी।
कमल: सरिता तुम भी अपना खाना ले आओ।
राज: हाँ भाभी कभी हमारे साथ भी खाना खा लिया करो।
सरिता: देवर जी तुम तो ऐसे कह रहे हो जैसे मैंने कभी साथ में बैठ के खाना न खाया हो। अगर साथ में खाना खाने लगी तो परोसेगा कौन।
रिशु: हाँ मम्मी आप भी खाना हमारे साथ ही खा लो, चलो मैं आपकी हेल्प कर देता हूँ सभी सामान एक साथ ही ले आते हैं।
राज: हाँ भाभी रिशु सही कह रहा है।
कमल: हाँ सरिता तुम ऐसे ही करो रिशु के साथ किचन में जाओ सभी सामान ले आओ साथ में बैठ के खाना खाते हैं।
रिशु अपनी मॉम के साथ किचन में जाता है आधा सामान ले आता है और आधा सामान सरिता ले आती है। सरिता और रिशु दोनों चेयर पे बैठ जाते हैं अब सभी खाना खाने लगते हैं।
कमल: रिशु बेटा स्टडी अच्छे से चल रही है ना?
रिशु: हाँ पापा अच्छे से चल रही है, बस बायोलॉजी में थोड़ी सी दिक़्क़त होती है।
कमल: अरे घर में टीचर होते हुए भी तुम्हें दिक़्क़त है, तुम अपने चाचा जी से पूछ लिया करो ना।
रिशु: अरे हाँ पापा मेरे तो दिमाग़ से निकल गया था।
सरिता: रिशु बेटा मुझे मालूम ही नहीं था तुम्हारा दिमाग़ भी है हाहाहाहा। और राज से कहने लगी देवर जी तुम इसे थोड़ा सा बायोलॉजी की स्टडी करवा दिया करो।
राज: ठीक है भाभी रिशु को मैं रात को स्टडी करवा दिया करूँगा।
सरिता (मज़े लेती हुई): सिर्फ़ स्टडी करवाना बिगाड़ना मत।
राज: भाभी मैंने कौनसा रिशु को बिगाड़ा है।
सरिता: आप और रिशु सिगरेट और शराब भी पीते हो। कभी-कभी तो ठीक है पर स्टडी के बहाने रोज़ मत पीना नहीं तो मुझसे बुरा कोई नहीं।
राज: गुस्सा मत हो भाभी हम कभी-कभी ही पीते हैं स्टडी के टाइम स्टडी ही करवाऊँगा।
सरिता: याद रखना देवर जी नहीं तो खाना ख़ुद ही पका के खाना पड़ेगा।
कमल: अब बस करो तुम देवर-भाभी लड़ते ही रहते हो।
रिशु: पापा लड़ने दो आख़िर घर में मनोरंजन भी तो होना चाहिए हाहाहा।
सब हँसने लगे। कमल बोला आप सब अपनी-अपनी करो मैं तो चला ऑफ़िस। कमल ऑफ़िस चला जाता है। अब तीनों बैठे होते हैं टेबल पे। कुछ टाइम तीनों बातें करते हैं। फिर धीरे-धीरे सभी अपने-अपने काम चले जाते हैं। रिशु अपने कॉलेज चला जाता है राज अपने।
रिशु कॉलेज में जाता है तीन-चार लेक्चर लगवा के बंक करता है और ग्राउंड में चला जाता है जहाँ उसके दोस्त होते हैं। वो अपने दोस्तों से मिलता है और चुदाई का प्रोग्राम बनाता है। रिशु और उसके दोस्त एक खाली मकान में जाते हैं और उनका एक दोस्त औरत को लेकर आता है सभी भारी-भारी से चुदाई करते हैं।
शाम को रिशु घर आता है वो देखता है उसका चाचा और उसका बाप सोफ़े पे बैठ के चाय पी रहे होते हैं।
कमल: बेटा क्या बात है आज लेट हो गया।
रिशु: कुछ नहीं पापा क्रिकेट खेलने चला गया था।
कमल: लेट होते हो तो घर पर फ़ोन कर लिया करो।
रिशु: ओके पापा। फिर रिशु अपने रूम में चला जाता है।
फिर सभी अपने-अपने काम में व्यस्त होते हैं। रात के 8 बज चुके थे। सरिता सभी को खाना खाने के लिए आवाज़ देती है। सभी फिर टेबल पर इकट्ठे होते। चारों खाना खाने लगते हैं।
सरिता: राज तुम आज से रिशु को बायोलॉजी पढ़ाना शुरू कर दो।
राज: जी भाभी, खाना खाने के बाद पढ़ा दूँगा। राज रिशु की तरफ़ देखते हुए ठीक है रिशु।
रिशु: ठीक है चाचू। जैसी आपकी मर्ज़ी।
कमल (रिशु से कहते हुए): अच्छे से पढ़ लेना।
रिशु: ठीक है डैड।
सरिता: ठीक है मैं भी तुम दोनों को दूध गरम करके ऊपर ही दे दूँगी।
रिशु: ओके मॉम।
फिर सभी खाना खाने लगे। इसी बीच कमल बोलता है मैं 5 दिन बाद 8 महीनों के लिए सिंगापुर जा रहा हूँ बिज़नेस के सिलसिले में। जिसे सरिता सुनकर थोड़ी सी उदास हो जाती है। सरिता का उदास चेहरा देखकर कमल बोलता है उदास क्यों होती हो 8 महीनों की तो बात है मैंने कौनसा 8 साल के लिए जाना है। फिर रिशु बोलता है मॉम पापा सही कह रहे हैं 8 महीनों की तो बात है, मैं हूँ ना जहाँ आपको बोर नहीं होने दूँगा, आपका ख़्याल रखूँगा, अब राज भी बोलता है हाँ भाभी हम हैं ना, उदास मत हो। (लेकिन कमल जान गया था सरिता क्यों नाराज़ है, क्योंकि सरिता को महीने में एक-दो बार चुदाई तो चाहिए थी।) अब रिशु और राज स्टडी के लिए रिशु के रूम में जाते हैं। ऊपर के फ़्लोर में राज और रिशु का रूम होता और एक अटैच बाथरूम होता है, रिशु के रूम में एक कंप्यूटर भी था, और नीचे के फ़्लोर में सरिता और कमल का रूम था और एक ड्रॉइंग रूम एक किचन एक बाथरूम था।
रिशु के रूम में राज रिशु को स्टडी करवा रहा होता है।
राज: रिशु तुम आज लेट आए थे क्या सच में क्रिकेट खेलने गए थे? (रिशु अपने चाचा से कुछ नहीं छुपाता था)
रिशु: नहीं चाचू वो तो मैंने डैड के सामने झूठ बोला था सच ये है कि मैं आज चुदाई करने गया था दोस्तों के साथ।
राज: वाओ, यार तेरे तो मज़े हैं, लेकिन ध्यान रखा कर कहीं रेड पड़ गई तो ले के देने पड़ सकते हैं।
रिशु: चाचू, मुझे पता है इसलिए हमने होटल में नहीं गए, हम किसी दोस्त के खाली घर में उस औरत को लाए थे।
राज: ठीक है, तुमने कभी किसी लड़की को चोदा है।
रिशु: चाचू मैंने लड़की से ज़्यादा औरतों को चोदा है।
राज: औरतों को ज़्यादा क्यों चोदते हो लड़कियाँ पसंद नहीं तुझे।
रिशु: चाचू वो बात नहीं है मुझे औरतें और भाभियाँ ज़्यादा पसंद हैं क्योंकि ये मैरिड होती हैं, ज़्यादा नखरा नहीं करतीं, मैरिड होने के कारण इनके बूब्स मोटे होते हैं और गाँड का साइज़ भी थोड़ा सा भर जाता है।
राज: रिशु तुम सच कह रहे हो मुझे भी मैरिड औरतों को चोदने में मज़ा आता है, मुझे भी तुम्हारी तरह औरतें और भाभियाँ पसंद हैं।
रिशु: चाचू आख़िर भतीजा किसका हूँ हाहाहा।
राज: चलो अब बातें ख़त्म, स्टडी शुरू करो।
रिशु: ठीक है चाचू। रिशु बुक खोलता है और पढ़ने लगता है, जो रिशु को समझ नहीं आता था वो अपने चाचा से पूछ लेता था।
नीचे फ़्लोर पर सरिता किचन में जूठे बर्तन धो रही होती है। बर्तन धो कर दूध गरम करने लगती है। इतने में कमल किचन में आता है और पीछे से सरिता को हग करता है, सरिता चौंक जाती है पीछे देखती है। वो कमल को देखकर नॉर्मल हो जाती है। कमल सरिता से कहता है अब तुम नाराज़ मत हो।
सरिता तुम तो मुझे प्यार ही नहीं करते जो इतने महीने के लिए जा रहे हो। कमल सरिता से ओ अच्छा जी ये बात है, अभी तुम बिस्तर पर आओ बताता हूँ, सरिता ये सुनकर समझ जाती है। वो शर्मा के कहती है छोड़ो मुझे बड़े आए प्यार करने, मैं जा रही हूँ ऊपर रिशु और राज को दूध देने। आप पियोगे दूध सरिता कमल से कहती है, कमल मज़े लेते हुए जाओ उनको दूध दे आओ, मैं तो तुम्हारा ही दूध पीऊँगा, जिसे सुनकर सरिता शर्मा जाती है, सरिता भी कहती है देखती हूँ कितना दूध पियोगे आप मेरा, कमल ने कहा इन 5 दिनों में सभी कसर निकाल दूँगा। सरिता ओ ओह देखती हूँ कमल से कहती है और वो दूध लेकर ऊपर के फ़्लोर पे चली जाती है जहाँ रिशु और राज होता है। सरिता डोर को नॉक करती है। रिशु तो स्टडी कर रहा था इसलिए डोर राज खोलने जाता है।
राज: अभी आया भाभी (डोर खोलता है)
राज: भाभी हमें आवाज़ देती हम नीचे आ जाते।
सरिता: देवर जी मैंने सोचा आप रिशु को पढ़ा रहे हो अनवी खामखा डिस्टर्ब होंगे।
रिशु: हाँ माँ आपने अच्छा किया नहीं तो हमें जाना पड़ता नीचे।
सरिता: रिशु तुम तो वैसे भी आलसी हो कहीं उठना न पड़ जाए।
रिशु: मम्मी आप मेरी बुराई कम किया करो।
सरिता: और नहीं तो क्या देखो अपने चाचू को रोज़ जिम जाते हैं तभी तो फुर्तीले हैं और तुम सोते रहते हो।
रिशु: ये बात है तो कल से मैं भी चाचू के साथ जिम जाऊँगा और हमेशा एक्टिव रहूँगा।
राज: रिशु ये हुई ना बात अब हम दोनों जिम एक साथ चलेंगे और एक-दूसरे को सपोर्ट भी हो जाएगा।
रिशु: ओके चाचू।
सरिता: ठीक है देवर जी आप रिशु को भी ले जाया करो।
राज: ओके भाभी।
फिर सरिता दूध रखकर चली जाती है, नीचे कमल सरिता का वेट कर रहा होता है, कमल चाहता है कि वो इन 5 दिनों में सरिता की जमकर चुदाई करे। इसलिए उसने पहले से ही वैग्रा ले ली थी और उसने एक ऑयल भी लिया होता था जिससे उसका लंड पत्थर जैसा हो जाएगा। वो वैग्रा खाता है और ऑयल को अपने लंड में खूब मलता है। फिर कमल उस ऑयल को खिड़की के पास पर्दे के पीछे रख देता है। कमल अब चुदाई के लिए पूरा तैयार था। उधर सरिता नीचे आ रही होती है उसे पता था आज कमल उसकी ज़रूर चुदाई करेगा। जब सरिता रूम में आती है तो कमल उसे पकड़ लेता है और किस करने लगता है। सरिता कमल से आज आप कुछ ज़्यादा ही मूड में हो। कमल कहता है क्या करूँ जान तुम हो ही इतनी सेक्सी।
सरिता कमल के अंडरवियर को देखते हुए वो तो मुझे पता है तभी आपका ये ऐसे खड़ा है। फिर दोनों बेड में जाते हैं कमल सरिता के कपड़े उतारता है। अभी तो सिर्फ़ रात के 11 बज रहे होते हैं और चुदाई की हवस में उनको ये नहीं मालूम रिशु और राज अभी जाग रहे हैं। आधे घंटे बाद रिशु की स्टडी ख़त्म होती है, राज अपने कमरे में चला जाता है। रिशु भी सोने की तैयारी करता है और पानी पीने के लिए किचन में जाता है। रिशु नीचे उतर के सीधा किचन में पानी पीता है फिर वो अपने रूम में जाने लगता है तभी उसे मॉम-डैड के रूम से आवाज़ें आती हैं। लेकिन वो इन आवाज़ों को भली-भाँति जानता था।
रिशु को मालूम था अंदर क्या हो रहा है। आवाज़ों से उसका लंड अब खड़ा हो चुका था। उसका मन अब अपने मॉम-डैड की चुदाई देखने को कर रहा था। लेकिन उसका दिमाग़ नहीं मान रहा था। इस कंफ़्यूज़न में उसके खड़े लंड और मन ने रिशु पर कब्ज़ा पा लिया था दिमाग़ बिचारा अब क्या करता। अब रिशु चुदाई देखने के लिए कोई जगह ढूँढता है। तभी वो देखता है कि रूम की जो विंडोज़ होती हैं उनके ऊपर जो छोटी-छोटी विंडोज़ होती हैं उनमें से दो विंडोज़ खुली थीं जिससे उसका दिल बहुत ख़ुश हो गया था।
फिर रिशु उन विंडोज़ पर चढ़ता है थोड़ा और ऊपर होता है और उन छोटी सी खिड़कियों में से अंदर की ओर देखने लगता है। अंदर का नज़ारा देखकर रिशु का लंड और भी ज़्यादा कड़क होकर फनफनाने लगता है रिशु की साँसें तेज़ हो जाती हैं। अंदर लाइट ऑन थी जिससे साफ़-साफ़ नज़र आ रहा था। सरिता पूरी नंगी होकर कमल का लंड चूस रही होती है।
रिशु अपनी मॉम के बड़े-बड़े कसे हुए बूब्स देख रहा था। रिशु अपना हाथ पजामे में डालता है और अपने लौड़े को मसलने लगता है। रिशु देखता है उसके डैड का लंड लगभग 5 इंच का और 2 इंच मोटा था जबकि रिशु का लंड 6 इंच से बड़ा था। अंदर कमल सरिता के बालों को पकड़कर ज़ोर से सरिता के मुँह को चोदने लगता है।
सरिता सोचने लगी पहले कभी इतनी ज़ोर से कमल ने अपना लौड़ा मेरे मुँह में नहीं ठोकता था, लेकिन सरिता को क्या पता आज कमल ने वैग्रा खाई है और अपने लौड़े को किसी ऑयल से मालिश की है। सरिता को अब साँस लेने में तकलीफ़ हो रही थी। सरिता की आँखों में आँसू आ गए थे। कमल आज ऐसे सरिता के मुँह में अपना लौड़ा ठोक रहा है जैसे कोई रंडी को चोद रहा हो।
बाहर रिशु अपनी मॉम की ऐसी हालत देखकर सोच रहा कैसे आज उसके डैड मॉम की चुदाई किसी रंडी की तरह कर रहे हैं, रिशु अपनी मॉम के आँसू देखता है और सोचता है, लगता है आज डैड सारी कसर निकाल देंगे। कमल सरिता के मुँह को और ज़ोर से चोदने लगता है कमल अपना लौड़ा तेज़ी से सरिता के मुँह में अंदर-बाहर करने लगता है जिससे सरिता के मुँह में बहुत ज़्यादा थूक भर जाता है लेकिन कमल को आज कोई फ़र्क़ नहीं पड़ रहा था, सरिता के गाल फूल गए थे जिससे अब सरिता के मुँह से लार टपक रही थी।
बाहर रिशु अपनी मॉम की ऐसी हालत देखकर अपने लंड को तेज़ी से मसलने लगा अब रिशु को बहुत मज़ा आ रहा था। रिशु ने वैसे तो कई लड़कियों और औरतों को चोदा था लेकिन आज अपनी मॉम को चूदते देखकर कुछ ज़्यादा ही मज़ा आ रहा था। वो मन में सोच रहा था आज तक इतनी चुदाई करने में मज़ा नहीं आया जो मज़ा उसे अपनी मॉम की ऐसी हालत देखकर आ रहा था। न जाने रिशु को कैसे-कैसे ख़याल आने लगे। तभी वो फिर से अंदर देखने लगता है अंदर कमल झड़ने के लिए चरमसीमा पर था उसने अब कमल से रहा नहीं गया उसने सरिता के सिर को ज़ोर से पकड़के सरिता का मुँह अपने लौड़े पे दबा दिया जिससे कमल का लौड़ा पूरा का पूरा सरिता के मुँह के अंदर झड़ने लगा।
और कमल के लंड का पानी सरिता के गले में जा गिरा, सरिता की आँखें बाहर आने को थीं। कमल ने झड़ने के बाद अपना लंड सरिता के मुँह में से निकाल लिया सरिता अब हाँफ रही थी। सरिता कमल को देख रही थी और बोलने लगी आज आपने क्या किया मुझे तो मार ही डालते। कमल बोला सरिता तुम घबराती क्यों हो क्या मैं मरने दूँगा तुझे, सरिता ने कमल से कहा आज आप में ऐसा जोश कहाँ से आया पहले तो कभी ऐसा नहीं किया। कमल बोलता है डार्लिंग इन 5 दिनों में 8 महीनों की सारी कसर निकाल के जाऊँगा।
अब सरिता तुम जल्दी घोड़ी बन जाओ तुम्हारी चूत भी तो मारनी है। बाहर रिशु ये सुनकर ख़ुश हो गया अब मॉम की चूत और गाँड देखने को मिलेगी। अंदर सरिता घोड़ी बन जाती है, सरिता की गाँड अब रिशु की तरफ़ हो जाती है जिसे देखकर रिशु पागल हो जाता है, सरिता की गाँड अभी कुँवारी थी सरिता ने आज तक गाँड नहीं मरवाई थी। रिशु देखता है उसकी मॉम की चूत अभी इतनी खुली नहीं है क्योंकि उसके डैड महीने में एक-दो बार ही चूदते हैं या फिर उसके डैड के लंड के साइज़ के कारण।
रिशु का मन अपनी माँ के प्रति बदलने लगा न जाने कैसे-कैसे ख़याल आने लगे। रिशु सोचने लगा मेरी इतनी सेक्सी और हॉट मॉम को तो बड़ा लंड चाहिए होगा बेचारी मॉम भी अब क्या करे डैड का अब है ही इतना सा। अंदर कमल सरिता की चूत चाटने लगता है।
सरिता मस्ती में सिसकारियाँ लेने लगती है। कमल अपनी जीभ को सरिता की चूत के अंदर-बाहर करने लगता है। क़रीब 5 मिनट बाद कमल चूत चाटता है फिर अपने लंड को चूत के फाँकों पर रखकर एक धक्का देता है और सरिता की हल्की चीख निकलती है। अब रिशु से रहा नहीं गया वो अपने लंड को बाहर निकाल के मुठ मारने लगता है। अंदर कमल सरिता को तेज़ी से चोदने लगता है। बाहर रिशु भी तेज़ी से मुठ मारने लगता है।
रिशु का लंड फूलने लगता है। अब सरिता की सिसकारियाँ और तेज़ होती हैं जिसे सुनकर बाहर रिशु झड़ने लगता है। रिशु के लंड से तीन-चार लंबी-लंबी पिचक़ारियाँ निकलती हैं। अब वो शांत हो जाता है। आज तो रिशु का कुछ ज़्यादा ही वीर्य निकल जाता है अपनी मॉम की चुदाई देखकर। फिर वो आहिस्ता से उतरता है और किचन में जाकर पहले पानी पीता है फिर पोछा लेता है और बाहर रूम के पास जहाँ वीर्य गिरा होता है साफ़ करने लगता है। उसकी मॉम की अभी सिसकारियाँ सुनाई दे रही होती हैं रिशु सोचता है आज डैड नहीं रुकने वाले ज़रूर कुछ ना कुछ डैड ने खाया है। रिशु सोचता है डैड कुछ खाने से क्या होगा लौड़ा भी तो बड़ा होना चाहिए इतनी सेक्सी माल को चोदने के लिए। रिशु का मन पूरा बदल चुका था अपनी मॉम की चुदाई देखकर। वो अपनी मॉम को माल बोल रहा था। अब रिशु ऊपर जाकर सोने की तैयारी करने लगता है। लेकिन उसे नींद नहीं आ रही थी।
आगे क्या होता है पढ़ें अगले पार्ट में।

Are yar anam ki chudayi wali story ka agla part bhi dalona