कोई और रास्ता भी तो नहीं – 1
ये कहानी और इसके पात्र काल्पनिक हैं। रात का समय गाँव में पूरा सन्नाटा था। पूरा गाँव नींद की गोद में था। लालचंद की हवेली में भी सब सो रहे थे सिर्फ मधु को छोड़कर। अपने कमरे में बेड पर लेटी मधु सोने की कोशिश कर रही थी, करवटें ले रही थी। साथ में बेड…
